गढ़वा में प्रशासनिक फेरबदल की बड़ी तैयारी, डंडा प्रखंड और मंझिआंव नगर पंचायत की मान्यता हो सकती है समाप्त

Share this:

गढ़वा में प्रशासनिक फेरबदल की बड़ी तैयारी, डंडा प्रखंड और मंझिआंव नगर पंचायत की मान्यता हो सकती है समाप्त

गढ़वा: गढ़वा जिले की प्रशासनिक संरचना में जल्द ही बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। जिला प्रशासन ने डंडा प्रखंड-सह-अंचल कार्यालय और मंझिआंव नगर पंचायत की मान्यता समाप्त करने की अनुशंसा राज्य सरकार को भेज दी है। प्रशासनिक रिपोर्ट में इन दोनों इकाइयों को प्रशासनिक और वित्तीय रूप से अव्यावहारिक बताया गया है।

प्रशासनिक रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2009 में गठित डंडा प्रखंड सरकार द्वारा निर्धारित मापदंडों को पूरा नहीं करता। ग्रामीण विकास विभाग के वर्ष 2015 के संकल्प के अनुसार किसी भी नए प्रखंड के गठन के लिए न्यूनतम 1.25 लाख की आबादी और कम से कम 15 पंचायतों का होना अनिवार्य है। जबकि डंडा प्रखंड की कुल आबादी मात्र 25 हजार है और इसमें केवल एक पंचायत शामिल है, जिसके अंतर्गत सात राजस्व गांव आते हैं।

रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि डंडा प्रखंड की दूरी जिला मुख्यालय से केवल 20 किलोमीटर है और सड़क संपर्क भी बेहतर है। ऐसे में इसके अलग प्रशासनिक अस्तित्व को सरकारी खजाने पर अतिरिक्त बोझ माना गया है।

इस साल गरीबों को मिलेगा प्रधानमंत्री आवास, मनरेगा में बढ़ेगा रोजगार

इसी तरह मंझिआंव नगर पंचायत, जिसे वर्ष 2010 में गठित किया गया था, को लेकर भी प्रशासन ने गंभीर आपत्ति जताई है। रिपोर्ट के अनुसार नगर पंचायत क्षेत्र का लगभग 70 प्रतिशत हिस्सा आज भी ग्रामीण स्वरूप में है। यहां कृषि भूमि, जंगल और पहाड़ी इलाके मौजूद हैं और अधिकांश आबादी खेती एवं मजदूरी पर निर्भर है।

शहरीकरण और नगर पंचायत नियमों को लेकर ग्रामीणों का लगातार विरोध सामने आता रहा है। स्थिति इतनी गंभीर हो गई थी कि विधानसभा चुनाव 2024 में ग्रामीणों ने मतदान बहिष्कार का निर्णय लिया था, जिसे बाद में प्रशासनिक आश्वासन के बाद वापस लिया गया।

जिला प्रशासन का मानना है कि डंडा अंचल और मंझिआंव नगर पंचायत को समाप्त करना लोकहित और क्षेत्र के समग्र विकास के लिए आवश्यक है। इन निकायों के संचालन में हो रहे अतिरिक्त खर्च और प्रशासनिक जटिलताओं को देखते हुए इनके विलोपन को उचित बताया गया है।

प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार यह अनुशंसा जुलाई 2025 में ही सरकार को भेजी जा चुकी है।

इस पूरे मामले पर उपायुक्त दिनेश यादव ने कहा कि डंडा प्रखंड और मंझिआंव नगर पंचायत को लेकर पूर्व में ही प्रशासनिक स्तर से अनुशंसा भेजी जा चुकी है। अब सरकार के निर्णय के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

GPL NEWS
Author: GPL NEWS

वर्षों के अनुभव के साथ झारखंड की ज़मीनी सच्चाइयों को निर्भीक और निष्पक्ष पत्रकारिता के माध्यम से सामने लाना। सरकार की योजनाओं से लेकर आम लोगों से जुड़े मुद्दों पर सटीक, विश्वसनीय और जिम्मेदार समाचार प्रस्तुत करना उद्देश्य है

Latest Updates

Cricket Live Score