गढ़वा में मजदूर मौत कांड का खुलासा: गासेदाग ट्रैक्टर हादसे को छुपाने के लिए सड़क पर फेंका गया था उमेश का शव, तीन गिरफ्तार
गढ़वा: रंका थाना क्षेत्र के गासेदाग गांव में मजदूर उमेश भुइयां की संदिग्ध मौत मामले का पुलिस ने महज़ 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया। जांच में सामने आया कि यह सुनियोजित हत्या नहीं बल्कि ट्रैक्टर हादसा था, जिसे बाद में हत्या का रूप देने की कोशिश की गई।
पुलिस ने इस मामले में ईंट भट्ठा संचालक मुमताज अंसारी, ट्रैक्टर चालक नगीना भुइयां और मजदूर संजय भुइयां को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। तीनों आरोपी और मृतक एक ही गांव मानपुर के रहने वाले हैं।
थाना प्रभारी रवि कुमार केसरी के अनुसार मृतक उमेश भुइयां गासेदाग स्थित ईंट भट्ठे में ट्रैक्टर पर लोडिंग-अनलोडिंग का काम करता था। गुरुवार देर शाम वह रमकंडा थाना क्षेत्र के हरहे गांव से ईंट अनलोड कर लौट रहा था। इसी दौरान वह चलते ट्रैक्टर से नीचे गिर गया और पिछले चक्के की चपेट में आने से मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
हादसे के बाद घबराए आरोपियों ने सच्चाई छुपाने की योजना बनाई। तीनों ने शव को घसीटकर गासेदाग माइंस के पास तीन मुहान के बीच सड़क पर फेंक दिया ताकि मामला पत्थर से कूचकर हत्या जैसा लगे। पुलिस पूछताछ में तीनों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है।
हालांकि मृतक के परिजनों का आरोप है कि उमेश की पत्थर से कूचकर हत्या की गई है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है और सभी पहलुओं की गहन जांच जारी है।
यह कार्रवाई इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है क्योंकि पुलिस ने बेहद कम समय में मामले की गुत्थी सुलझा ली।








