गढ़वा में BDO-CO के लिए नया आदेश, मुख्यालय में रहना अनिवार्य; 15 अगस्त के बाद होगी कार्रवाई
गढ़वा: जिले में सरकारी योजनाओं के प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन को लेकर उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी पशुपति नाथ मिश्रा ने कड़ा निर्देश जारी किया है। जिले के सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) और अंचल अधिकारियों (CO) को अपने-अपने प्रखंड-सह-अंचल मुख्यालय में अनिवार्य रूप से आवासित रहने का निर्देश दिया गया है।
उपायुक्त ने कहा कि पदाधिकारियों की कार्यालय अवधि में नियमित उपस्थिति के साथ-साथ मुख्यालय में रहना भी प्रशासनिक व्यवस्था के लिए बेहद जरूरी है। इससे सरकारी योजनाओं का समय पर क्रियान्वयन, आम लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान और अधीनस्थ कर्मचारियों की प्रभावी निगरानी सुनिश्चित होती है।

कई अधिकारियों के मुख्यालय में नहीं रहने की मिली थी सूचना
उपायुक्त को विभिन्न माध्यमों से लगातार यह जानकारी मिल रही थी कि जिले के कई BDO और CO अपने निर्धारित प्रखंड-सह-अंचल मुख्यालय में रहने के बजाय जिला अथवा अनुमंडल मुख्यालय में निवास कर रहे हैं।
प्रशासन के अनुसार, जिले के सभी प्रखंड-सह-अंचल मुख्यालयों में संबंधित पदाधिकारियों और कर्मचारियों के लिए सरकारी आवास की व्यवस्था उपलब्ध है।
14 अगस्त तक देना होगा प्रतिवेदन
उपायुक्त ने निर्देश दिया है कि जो भी BDO और CO वर्तमान में अपने मुख्यालय में आवासित नहीं हैं, वे 14 अगस्त 2026 तक अनिवार्य रूप से अपने-अपने मुख्यालय में आवासित होना सुनिश्चित करें।
इसके साथ ही सभी संबंधित पदाधिकारियों को मुख्यालय में आवासित होने से संबंधित अपना प्रतिवेदन 14 अगस्त 2026 तक जिला गोपनीय शाखा, गढ़वा में उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है।
15 अगस्त के बाद होगी कठोर कार्रवाई
उपायुक्त पशुपति नाथ मिश्रा ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि 15 अगस्त 2026 के बाद यदि किसी पदाधिकारी के अपने निर्धारित मुख्यालय में आवासित नहीं होने की पुष्टि होती है, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कठोर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी।
उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशों का अक्षरशः पालन करने तथा जनहित एवं प्रशासनिक व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का निर्देश दिया है।






